फ़हराया गया तिरंगा, बच्चों ने पेश किए सांस्कृतिक कार्यक्रम
कदौरा। स्वतंत्रता दिवस का पर्व कदौरा कस्बे व क्षेत्र में बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। सुबह होते ही विद्यालयों से छात्र-छात्राओं की प्रभात फेरियां निकाली गईं। हाथों में तिरंगा लिए बच्चों ने भारत माता की जय और वंदे मातरम के नारों से वातावरण को गुंजायमान कर दिया। प्रभात फेरी के दौरान बच्चे जहां-जहां से गुजरे, वहां लोगों ने उनका स्वागत कर उनका उत्साहवर्धन किया। नगर व ग्रामीण क्षेत्र के सभी विद्यालयों, नगर पंचायत कार्यालय, उप डाकघर, थाना परिसर सहित विभिन्न सरकारी व गैरसरकारी संस्थानों में तिरंगा कार्यक्रम संपन्न हुए। सैकड़ों की संख्या में छात्र-छात्राएं, शिक्षकगण व क्षेत्रीय लोग इन कार्यक्रमों में शामिल हुए। विद्यालय प्रांगणों में झंडा फहराने के बाद रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। छात्र-छात्राओं ने देशभक्ति गीत, नाटक, भाषण, लोकगीत व कविताओं की प्रस्तुतियां दीं। “ऐसा देश है मेरा” जैसे गीतों पर बच्चों की शानदार प्रस्तुति ने उपस्थित लोगों को भावविभोर कर दिया। तालियों की गड़गड़ाहट से विद्यालय परिसर गूंज उठा। इसी क्रम में ब्लॉक क्षेत्र के ग्राम पंचायतों में भी स्वतंत्रता दिवस बड़े उत्साह के साथ मनाया गया। गांवों में प्रभात फेरियां निकाली गईं और ग्रामीणों व बच्चों ने मिलकर देशभक्ति गीत गाते हुए तिरंगे के सम्मान का संदेश दिया।
संस्कार और संकल्प का उदाहरण बने उदनपुर के बच्चे
इसी बीच उदनपुर के माँ सरस्वती बाल मंदिर के छात्रों ने अपने संस्कार और संकल्प की अनूठी मिसाल पेश की। प्रभात फेरी के दौरान जब स्कूली बच्चे मुख्य मार्ग पर निकले, तभी वहां से गुजर रही एक एम्बुलेंस को देखते ही बच्चों ने स्वयं को रोक लिया और उसे प्राथमिकता देते हुए आगे बढ़ने का मार्ग दिया। एम्बुलेंस ड्राइवर ने बच्चों की समझदारी और सूझबूझ को सैल्यूट देते आगे को प्रस्थान किया।इस मानवीय संवेदनशीलता ने न केवल उपस्थित लोगों को प्रभावित किया बल्कि यह संदेश भी दिया कि देशप्रेम केवल नारों या गीतों में ही नहीं, बल्कि आचरण और व्यवहार में भी झलकना चाहिये।
