सुहाग महल के नाले ने बिकराल रूप धारण किया
तड़के हुई बरसात से आम जन जीवन अस्त व्यस्त हुआ
उरई दैनिक भास्कर। बुधवार को तड़के सुबह मूसलाधार बारिश होने से शहर पानी पानी हो गया। नगर के नाले पानी से उफना गए। सुहाग महल के पास निर्माणाधीन नाले का पानी सड़क के ऊपर से बहने लगा। आस पास की बस्तियों में पानी भरने के कारण नगर पालिका ने जल निकासी की व्यवस्था कराई। यहां से आवाजाही पहले से ही रुकी है।
आज सुबह सबा पांच बजे से ही बरसात शुरू हो गई थी। करीब एक घंटे तक मूसलाधार बरसात होने से शहर के अधिकांश क्षेत्र में पानी भर गया। सभी नालों का पानी ओवरफ्लो होकर रास्ते में बहने लगा इससे लोगो को भरी परेशानियों का सामना करना पड़ा। मूसलाधार बरसात के कारण शहर के कई हिस्सों में जलभराव की स्थिति बन गई। विशेष रूप से शहर के पुराने इलाकों में बने नाले उफान पर आ गए, जिससे नालों का गंदा पानी सड़कों पर फैल गया ।
शहर का मुख्य नाला जो स्टेशन रोड, कोंच बस स्टैंड, गांधी नगर और बजरिया इलाकों से होकर गुजरता है, वह बरसात के पानी की अधिकता से ओवरफ्लो हो गया। नाले का गंदा पानी गलियों में भर गया, जिससे लोगों को आवागमन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई जगहों पर घरों में पानी घुसने से लोगों का घरेलू सामान भी खराब हो गया।
कमलेश कुमार रावत, नरेंद्र साहू, वीरेंद्र साहू ने बताया कि कई वर्षों से नालों की सफाई ठीक से नहीं हुई है, जिससे हल्की बारिश में भी नाले जाम हो जाते हैं और पानी सड़क पर फैल जाता है। इस बार तो हालात और ज्यादा खराब हो गए हैं। नगर पालिका से कई बार नाले की सफाई की मांग की, लेकिन ध्यान नहीं दिया गया। दूसरी ओर, दुकानदारों को भी नुकसान झेलना पड़ा है। लोगों का कहना है कि तेज बारिश के कारण अचानक जलस्तर बढ़ गया, जिससे नाले उफन गए। उधर, बारिश से स्कूल जाने वाले बच्चों और ऑफिस जाने वालों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। जगह-जगह भरे पानी के कारण सड़कों पर जाम की स्थिति बन गई। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि शहर के नालों की समय-समय पर सफाई करवाई जाए और बरसात के मौसम में जलभराव की समस्या से निजात दिलाई जाए।
यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में बारिश के साथ हालात और भी ज्यादा बिगड़ सकते हैं। नगर प्रशासन को तत्काल प्रभाव से ठोस कदम उठाने की जरूरत है, ताकि जनता को राहत मिल सके।





